विरात महानगर NEWS आपका शहर · आपकी खबर
📄 ई-पेपर
⚡ ब्रेकिंग
FD बनाम म्यूचुअल फंड: भारत में निवेश के लिए कौन सा विकल्प बेहतर? CTET 2026 परीक्षा गाइड: सफलता के लिए संपूर्ण रणनीति और तैयारी के टिप्स राजनांदगांव में समान नागरिक संहिता पर जनपरामर्श बैठक सम्पन्न FD म्यूचुअल फंड: आपके निवेश के लिए कौन सा विकल्प है बेहतर? बैंक PO तैयारी: सफलता के लिए पूरा प्लान और रणनीति | विरात महानगर दुर्ग केबल विवाद: शिकायत निवारण करने गए कर्मचारी को धमकी, दो पर FIR दर्ज जलवायु संकट भारत की भूमिका: वैश्विक प्रयासों में अग्रणी कदम SSC CGL 2026: परीक्षा गाइड, रणनीति और सफलता के सूत्र FD बनाम म्यूचुअल फंड: भारत में निवेश के लिए कौन सा विकल्प बेहतर? CTET 2026 परीक्षा गाइड: सफलता के लिए संपूर्ण रणनीति और तैयारी के टिप्स राजनांदगांव में समान नागरिक संहिता पर जनपरामर्श बैठक सम्पन्न FD म्यूचुअल फंड: आपके निवेश के लिए कौन सा विकल्प है बेहतर? बैंक PO तैयारी: सफलता के लिए पूरा प्लान और रणनीति | विरात महानगर दुर्ग केबल विवाद: शिकायत निवारण करने गए कर्मचारी को धमकी, दो पर FIR दर्ज जलवायु संकट भारत की भूमिका: वैश्विक प्रयासों में अग्रणी कदम SSC CGL 2026: परीक्षा गाइड, रणनीति और सफलता के सूत्र

1500 करोड़ लेनदेन वाले वीडियो का सच पहली बार जानिए: एनएसयूआई प्रवक्ता निकला मास्टरमाइंड, एक करोड़ नहीं मिलने पर दी फर्जी जानकारी

📑 इस लेख में1500 करोड़ लेनदेन वीडियो फर्जी निकला, एनएसयूआई प्रवक्ता मास्टरमाइंड, एक करोड़ रुपये नहीं मिलने पर वायरल की गई भ्रामक जानकारी।जांच में हुआ बड़ा खुलासाएक करोड़…

📅 27 March 2026, 11:20 am अपडेट: 16 May 2026
⏱ 1 मिनट पढ़ें
cg news, raipur news, एनएसयूआई, छत्तीसगढ़, जांच, पुलिस, फर्जी जानकारी, राजनीति, रायपुर, वायरल वीडियो
Photo by Amit Rai on Pexels

1500 करोड़ लेनदेन वीडियो फर्जी निकला, एनएसयूआई प्रवक्ता मास्टरमाइंड, एक करोड़ रुपये नहीं मिलने पर वायरल की गई भ्रामक जानकारी।

रायपुर। 1500 करोड़ रुपये के कथित लेनदेन से जुड़े वायरल वीडियो मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। जांच में सामने आया है कि इस पूरे मामले का मास्टरमाइंड एनएसयूआई का एक प्रवक्ता ही निकला। बताया जा रहा है कि एक करोड़ रुपये नहीं मिलने पर उसने फर्जी जानकारी देकर वीडियो को वायरल करवाया था।

छत्तीसगढ़ में इस वीडियो के सामने आने के बाद राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में हड़कंप मच गया था। वीडियो में बड़े स्तर पर वित्तीय लेनदेन का दावा किया गया था, जिसके बाद मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू की गई।

जांच में हुआ बड़ा खुलासा

जांच एजेंसियों के अनुसार, प्रारंभिक जांच में ही वीडियो में दिखाई गई जानकारी संदिग्ध पाई गई थी। तकनीकी जांच और पूछताछ के दौरान सामने आया कि वीडियो को सुनियोजित तरीके से तैयार कर वायरल किया गया था।

अधिकारियों ने बताया कि इस मामले में एनएसयूआई से जुड़े एक प्रवक्ता की भूमिका संदिग्ध पाई गई। पूछताछ के दौरान उसने स्वीकार किया कि उसने दबाव बनाने के उद्देश्य से यह वीडियो वायरल कराया था।

एक करोड़ रुपये को लेकर विवाद

सूत्रों के अनुसार, आरोपी ने कथित तौर पर एक करोड़ रुपये की मांग की थी। रकम नहीं मिलने पर उसने फर्जी जानकारी के आधार पर वीडियो तैयार कर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया।

वीडियो वायरल होने के बाद मामला तेजी से फैल गया और कई स्तर पर जांच शुरू करनी पड़ी।

तकनीकी जांच से खुला मामला

जांच एजेंसियों ने वीडियो की तकनीकी जांच कराई। डिजिटल फॉरेंसिक जांच में पाया गया कि वीडियो में दिखाए गए कई दस्तावेज और जानकारी भ्रामक थी। इसके बाद आरोपी से पूछताछ की गई, जिसमें उसने पूरी साजिश का खुलासा किया।

राजनीतिक हलकों में मचा हड़कंप

मामले के सामने आने के बाद राजनीतिक हलकों में हलचल तेज हो गई है। विपक्ष और सत्तापक्ष दोनों ने इस मामले पर अपनी-अपनी प्रतिक्रिया दी है।

कुछ नेताओं ने इस मामले में कड़ी कार्रवाई की मांग की है, जबकि कुछ ने इसे राजनीतिक साजिश बताया है।

पुलिस ने शुरू की कार्रवाई

छत्तीसगढ़ पुलिस ने मामले में जांच तेज कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले की गहराई से जांच की जा रही है और अन्य लोगों की भूमिका भी खंगाली जा रही है।

पुलिस ने कहा कि यदि मामले में अन्य लोगों की संलिप्तता सामने आती है, तो उनके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।

सोशल मीडिया पर फैलाया गया वीडियो

जांच में यह भी सामने आया है कि वीडियो को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के माध्यम से वायरल किया गया था। कुछ फर्जी अकाउंट्स का इस्तेमाल कर इसे तेजी से फैलाया गया।

कड़ी कार्रवाई की तैयारी

अधिकारियों ने बताया कि आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। साथ ही डिजिटल साक्ष्य भी जुटाए जा रहे हैं।

निष्कर्ष

1500 करोड़ रुपये के कथित लेनदेन वाले वीडियो का सच सामने आने के बाद मामला नया मोड़ ले चुका है। जांच में एनएसयूआई प्रवक्ता को मास्टरमाइंड बताया गया है, जिसने एक करोड़ रुपये नहीं मिलने पर फर्जी जानकारी फैलाने की साजिश रची।

cg news, raipur-news/" class="vn-autolink">raipur news, एनएसयूआई, छत्तीसगढ़, जांच, पुलिस, फर्जी जानकारी, राजनीति, रायपुर, वायरल वीडियो — संक्षेप और और पढ़ें

cg news, raipur news, एनएसयूआई, छत्तीसगढ़, जांच, पुलिस, फर्जी जानकारी, राजनीति, रायपुर, वायरल वीडियो के बारे में और जानकारी के लिए नीचे दी गई संबंधित खबरें पढ़ें। विरात महानगर पर cg news, raipur news, एनएसयूआई, छत्तीसगढ़, जांच, पुलिस, फर्जी जानकारी, राजनीति, रायपुर, वायरल वीडियो से जुड़ी अद्यतन रिपोर्टिंग पढ़ें।

संबंधित खबरें:

स्रोत / और पढ़ें: भारत सरकार पोर्टल

💬

आपकी राय जरूरी है

इस खबर पर अपनी प्रतिक्रिया WhatsApp / Telegram पर भेजें — हम पढ़ते हैं, जवाब देते हैं, और बेहतर खबरें लाते हैं।

अन्य श्रेणियों से ताज़ा

💬WhatsApp Telegram 📘Facebook