विरात महानगर NEWS आपका शहर · आपकी खबर
📄 ई-पेपर
⚡ ब्रेकिंग
लिविंग रूम वास्तु: घर को सुख-समृद्धि से भरने वाले 12 नियम भोपाल सेंट्रल लाइब्रेरी में फायर सुरक्षा मॉक ड्रिल, स्टाफ और पाठकों को मिला प्रशिक्षण यातायात व्यवस्था सुधार के लिए प्रशासन ने उठाए नए कदम सांस्कृतिक कार्यक्रम में उमड़ी दर्शकों की भीड़ शहर में स्वच्छता अभियान को मिली व्यापक सफलता किसानों के लिए नई योजना की घोषणा, मिलेगा सीधा लाभ जिला स्तरीय क्रिकेट टूर्नामेंट का रोमांचक समापन स्थानीय बाजार में सब्जियों के दाम स्थिर, ग्राहकों को राहत लिविंग रूम वास्तु: घर को सुख-समृद्धि से भरने वाले 12 नियम भोपाल सेंट्रल लाइब्रेरी में फायर सुरक्षा मॉक ड्रिल, स्टाफ और पाठकों को मिला प्रशिक्षण यातायात व्यवस्था सुधार के लिए प्रशासन ने उठाए नए कदम सांस्कृतिक कार्यक्रम में उमड़ी दर्शकों की भीड़ शहर में स्वच्छता अभियान को मिली व्यापक सफलता किसानों के लिए नई योजना की घोषणा, मिलेगा सीधा लाभ जिला स्तरीय क्रिकेट टूर्नामेंट का रोमांचक समापन स्थानीय बाजार में सब्जियों के दाम स्थिर, ग्राहकों को राहत

सुप्रीम कोर्ट ने माननीयों को सिखाया विरोधियों से बात करने का तरीका, राजद नेता याचिका पर सुनवाई में की टिप्पणी

नई दिल्ली। विधानसभाओं और संसद में लगातार हो रही कटुतापूर्ण कार्यवाही पर सुप्रीम कोर्ट ने अहम टिप्पणी की है। शीर्ष अदालत ने सोमवार को कहा कि ऐसा लगता…

📅 7 January 2025, 1:10 am अपडेट: 16 May 2026
⏱ 1 मिनट पढ़ें
👁 9 पाठक
Desh 12 1

नई दिल्ली।

विधानसभाओं और संसद में लगातार हो रही कटुतापूर्ण कार्यवाही पर सुप्रीम कोर्ट ने अहम टिप्पणी की है। शीर्ष अदालत ने सोमवार को कहा कि ऐसा लगता है कि विधायक यह भूल गए हैं कि कड़ा विरोध जताते समय या विरोधियों की आलोचना करते समय कैसे सम्मानजनक व्यवहार किया जाए।

यह टिप्पणी जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस एन के सिंह की पीठ ने राजद नेता सुनील कुमार सिंह की रिट याचिका पर सुनवाई के दौरान की। याचिका में बिहार विधान परिषद के उस फैसले को चुनौती दी गई है जिसमें बजट सत्र के दौरान कथित कदाचार और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की नकल करने के कारण उन्हें सदन से निष्कासित कर दिया गया था।

सम्मान के साथ हो कटु आलोचना
सुप्रीम कोर्ट ने सिंह की टिप्पणियों को प्रथम दृष्टया अस्वीकार करते हुए कहा कि सम्मानित सदनों के सदस्यों को दूसरों के कटु आलोचक होते हुए भी उनका सम्मान करना चाहिए। सुनील कुमार सिंह के वकील ए एम सिंघवी ने कहा कि भले ही मामला कोर्ट में विचाराधीन है, लेकिन चुनाव आयोग ने सिंह की खाली हुई सीट के लिए उपचुनाव की घोषणा की है और आशंका जताई है कि इससे भ्रम की स्थिति पैदा होगी।

चुनाव पर रोक लगाने की मांग
सिंघवी ने कहा कि अगर चुनाव होते हैं और कोई और निर्वाचित होता है और उसी समय सुप्रीम कोर्ट सिंह के निष्कासन को रद्द कर देता है, तो इससे एक ही सीट के लिए दो निर्वाचित उम्मीदवारों के होने की असंगत स्थिति पैदा होगी। उन्होंने अनुरोध किया कि सुप्रीम कोर्ट को इस महीने के अंत में होने वाले चुनावों पर रोक लगा देनी चाहिए।

'क्या आप ऐसी भाषा का समर्थन करते हैं?'
सुप्रीम कोर्ट ने चुनाव स्थगित करने से इनकार कर दिया, लेकिन कहा कि वह सिंह की रिट याचिका पर अंतिम सुनवाई 9 जनवरी को करेगा। सिंघवी ने कहा कि सदन के अंदर अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता को व्यापक छूट दी गई है। पीठ ने कहा कि इस तरह से सदन के अंदर अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का इस्तेमाल किया जाता है? आप (सिंघवी) भी संसद सदस्य हैं। क्या आप सदन के अंदर विरोधियों के खिलाफ ऐसी भाषा के इस्तेमाल का समर्थन करते हैं? सिंघवी ने कहा कि वह ऐसी भाषा का समर्थन नहीं करते हैं, लेकिन ऐसी भाषा के इस्तेमाल के लिए निष्कासन से विपक्ष की बेंच खाली हो जाएगी। एक अन्य एमएलसी की तरफ से भी इसी तरह की भाषा के इस्तेमाल के लिए, उन्हें केवल निलंबित किया गया था। लेकिन सिंह के मामले में, यह निष्कासन था।

26 जुलाई को किया गया था निष्कासित
विधान परिषद की आचार समिति ने अपनी रिपोर्ट में सिंह को हटाने की संस्तुति करते हुए कहा था कि "विपक्ष के मुख्य सचेतक होने के नाते उनकी विधायी जिम्मेदारी और नियमों और विनियमों का पालन दूसरों से अधिक होना चाहिए। लेकिन उनका व्यवहार इसके विपरीत था। वेल में आकर उन्होंने अनर्गल नारे लगाए, सदन की कार्यवाही में बाधा डाली। अध्यक्ष के निर्देश का अनादर किया। सदन के नेता के लिए अपमानजनक शब्दों का प्रयोग किया। उन्हें अपमानित करने की कोशिश की और एक तरह से विधान परिषद की गरिमा को नुकसान पहुंचाया। रिपोर्ट के आधार पर सिंह को 26 जुलाई को निष्कासित कर दिया गया।

देश, सुप्रीम, कोर्ट, ने, माननीयों, को, सिखाया, विरोधियों, से, बात — संक्षेप और और पढ़ें

देश, सुप्रीम, कोर्ट, ने, माननीयों, को, सिखाया, विरोधियों, से, बात के बारे में और जानकारी के लिए नीचे दी गई संबंधित खबरें पढ़ें। विरात महानगर पर देश, सुप्रीम, कोर्ट, ने, माननीयों, को, सिखाया, विरोधियों, से, बात से जुड़ी अद्यतन रिपोर्टिंग पढ़ें।

संबंधित खबरें:

स्रोत / और पढ़ें: भारत सरकार पोर्टल

💬

आपकी राय जरूरी है

इस खबर पर अपनी प्रतिक्रिया WhatsApp / Telegram पर भेजें — हम पढ़ते हैं, जवाब देते हैं, और बेहतर खबरें लाते हैं।

अन्य श्रेणियों से ताज़ा

💬WhatsApp Telegram 📘Facebook