विरात महानगर NEWS आपका शहर · आपकी खबर
📄 ई-पेपर
⚡ ब्रेकिंग
लिविंग रूम वास्तु: घर को सुख-समृद्धि से भरने वाले 12 नियम भोपाल सेंट्रल लाइब्रेरी में फायर सुरक्षा मॉक ड्रिल, स्टाफ और पाठकों को मिला प्रशिक्षण यातायात व्यवस्था सुधार के लिए प्रशासन ने उठाए नए कदम सांस्कृतिक कार्यक्रम में उमड़ी दर्शकों की भीड़ शहर में स्वच्छता अभियान को मिली व्यापक सफलता किसानों के लिए नई योजना की घोषणा, मिलेगा सीधा लाभ जिला स्तरीय क्रिकेट टूर्नामेंट का रोमांचक समापन स्थानीय बाजार में सब्जियों के दाम स्थिर, ग्राहकों को राहत लिविंग रूम वास्तु: घर को सुख-समृद्धि से भरने वाले 12 नियम भोपाल सेंट्रल लाइब्रेरी में फायर सुरक्षा मॉक ड्रिल, स्टाफ और पाठकों को मिला प्रशिक्षण यातायात व्यवस्था सुधार के लिए प्रशासन ने उठाए नए कदम सांस्कृतिक कार्यक्रम में उमड़ी दर्शकों की भीड़ शहर में स्वच्छता अभियान को मिली व्यापक सफलता किसानों के लिए नई योजना की घोषणा, मिलेगा सीधा लाभ जिला स्तरीय क्रिकेट टूर्नामेंट का रोमांचक समापन स्थानीय बाजार में सब्जियों के दाम स्थिर, ग्राहकों को राहत

असम के दीमा हसाओ जिले में बाढ़ग्रस्त कोयला खदान में फंसे मजदूरों को बचाने के लिए राहत और बचाव अभियान जोरों पर

असम असम के दीमा हसाओ जिले में बाढ़ग्रस्त कोयला खदान में फंसे मजदूरों को बचाने के लिए राहत और बचाव अभियान जोरों पर है। जानकारी के अनुसार, इस…

📅 7 January 2025, 2:10 am अपडेट: 13 April 2025
⏱ 1 मिनट पढ़ें
👁 9 पाठक
vachab

असम
असम के दीमा हसाओ जिले में बाढ़ग्रस्त कोयला खदान में फंसे मजदूरों को बचाने के लिए राहत और बचाव अभियान जोरों पर है। जानकारी के अनुसार, इस हादसे में तीन लोगों के मारे जाने की आशंका है। जिला प्रशासन ने बताया कि उनके शव खदान के अंदर देखे जा सकते हैं, लेकिन अभी तक उन्हें निकाला नहीं गया है।

फंसे मजदूरों की स्थिति गंभीर
6 जनवरी से फंसे हुए नौ मजदूरों में से सात असम से हैं, जबकि एक-एक मजदूर नेपाल और पश्चिम बंगाल के निवासी हैं। हादसे के बाद से मजदूरों के परिवारों में चिंता का माहौल है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, खदान में अचानक आई बाढ़ की वजह से मजदूर बाहर नहीं निकल सके। पानी का स्तर तेजी से बढ़ने के कारण उनकी जान पर खतरा मंडराने लगा। इस आपात स्थिति में जिला प्रशासन और स्थानीय अधिकारियों ने तुरंत बचाव कार्य शुरू किया।

बचाव कार्य में सेना और नौसेना तैनात
मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने बताया कि मजदूरों को बचाने के लिए नौसेना के गोताखोरों को बुलाया गया है। विशाखापत्तनम से आ रहे ये गोताखोर जल्द ही मौके पर पहुंचेंगे। खदान के अंदर पानी का स्तर लगभग 100 फीट तक बढ़ गया है, जिससे राहत कार्य में कठिनाइयां आ रही हैं। सरमा ने ट्वीट कर कहा, "उमरंगशू में फंसे मजदूरों को बचाने के लिए हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं। हम सभी की सुरक्षा के लिए प्रार्थना कर रहे हैं।"

विशेषज्ञों और उपकरणों के साथ राहत कार्य जारी
भारतीय सेना और असम राइफल्स ने राहत और बचाव कार्य के लिए विशेष उपकरण, इंजीनियर्स टास्क फोर्स, गोताखोर और चिकित्सा दल तैनात किए हैं। रक्षा प्रवक्ता ने कहा, "हमारी टीम पूरी तैयारी के साथ घटनास्थल पर पहुंच गई है और फंसे हुए मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए सभी आवश्यक कदम उठा रही है।" स्थानीय प्रशासन और बचाव दल लगातार घटनास्थल पर मौजूद हैं। प्रशासन का कहना है कि मजदूरों की सुरक्षित वापसी सुनिश्चित करने के लिए हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं।

देश, असम, के, दीमा, हसाओ, जिले, में, बाढ़ग्रस्त, कोयला, खदान — संक्षेप और और पढ़ें

देश, असम, के, दीमा, हसाओ, जिले, में, बाढ़ग्रस्त, कोयला, खदान के बारे में और जानकारी के लिए नीचे दी गई संबंधित खबरें पढ़ें। विरात महानगर पर देश, असम, के, दीमा, हसाओ, जिले, में, बाढ़ग्रस्त, कोयला, खदान से जुड़ी अद्यतन रिपोर्टिंग पढ़ें।

संबंधित खबरें:

स्रोत / और पढ़ें: भारत सरकार पोर्टल

💬

आपकी राय जरूरी है

इस खबर पर अपनी प्रतिक्रिया WhatsApp / Telegram पर भेजें — हम पढ़ते हैं, जवाब देते हैं, और बेहतर खबरें लाते हैं।

अन्य श्रेणियों से ताज़ा

💬WhatsApp Telegram 📘Facebook