दंतेवाड़ा में RTE के तहत निजी स्कूलों में फ्री एडमिशन शुरू। कमजोर वर्ग के बच्चों को 25% सीटों पर मुफ्त शिक्षा का मिलेगा अवसर।
दंतेवाड़ा। दंतेवाड़ा जिले के अभिभावकों और छात्रों के लिए बड़ी राहत भरी खबर सामने आई है। शिक्षा का अधिकार अधिनियम (RTE) 2009 के तहत सत्र 2025–26 के लिए निजी स्कूलों में नि:शुल्क प्रवेश प्रक्रिया शुरू होने जा रही है। इसके तहत आर्थिक रूप से कमजोर और वंचित वर्ग के बच्चों को प्राइवेट स्कूलों में मुफ्त शिक्षा का अवसर मिलेगा।
25 प्रतिशत सीटों पर होगा फ्री एडमिशन
आरटीई कानून के तहत निजी गैर-अनुदान प्राप्त स्कूलों में कक्षा पहली में 25 प्रतिशत सीटें वंचित और कमजोर वर्ग के बच्चों के लिए आरक्षित रहती हैं। दंतेवाड़ा जिले में भी यह प्रक्रिया शुरू की जा रही है, जिससे सैकड़ों बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सकेगी।
कौन ले सकता है लाभ
इस योजना का लाभ वही बच्चे ले सकेंगे जो—
- दंतेवाड़ा जिले के निवासी हों
- आय प्रमाण पत्र निर्धारित सीमा के भीतर हो
- अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, ओबीसी, बीपीएल, दिव्यांग या अनाथ श्रेणी में आते हों
- जिनकी उम्र RTE नियमों के अनुसार हो
ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया
शिक्षा विभाग के अनुसार, RTE पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन किए जाएंगे। अभिभावकों को बच्चे का आधार कार्ड, जन्म प्रमाण पत्र, आय प्रमाण पत्र, निवास प्रमाण पत्र और पासपोर्ट साइज फोटो अपलोड करना होगा। आवेदन के बाद लॉटरी प्रणाली से स्कूलों का आवंटन किया जाएगा।
लॉटरी से होगा स्कूल चयन
पारदर्शिता बनाए रखने के लिए स्कूलों का चयन पूरी तरह कंप्यूटराइज्ड लॉटरी सिस्टम से किया जाएगा। किसी भी प्रकार की सिफारिश या हस्तक्षेप मान्य नहीं होगा। चयन सूची जारी होने के बाद अभिभावकों को तय समय सीमा में संबंधित स्कूल में दस्तावेज सत्यापन कराना होगा।
शिक्षा विभाग की अपील
जिला शिक्षा अधिकारी ने अभिभावकों से अपील की है कि वे समय रहते आवेदन करें और किसी भी दलाल या फर्जी एजेंट के झांसे में न आएं। आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह नि:शुल्क है।
आदिवासी क्षेत्र में शिक्षा को बढ़ावा
दंतेवाड़ा जैसे आदिवासी और नक्सल प्रभावित क्षेत्र में RTE के तहत फ्री एडमिशन को शैक्षणिक विकास की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है। इससे गरीब परिवारों के बच्चों को बेहतर स्कूलों में पढ़ने का मौका मिलेगा।

