रायपुर स्टेशन की नई इमारत में 550 सीसीटीवी और 120 एआई कैमरे लगेंगे, 24×7 निगरानी से सुरक्षा, भीड़ नियंत्रण और यात्रियों को सुरक्षित माहौल मिलेगा।
रायपुर। रायपुर रेलवे स्टेशन की नई इमारत को देश के आधुनिक और सुरक्षित रेलवे परिसरों में शामिल करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। यात्रियों की सुरक्षा, भीड़ नियंत्रण और अपराध रोकथाम को ध्यान में रखते हुए स्टेशन परिसर में अत्याधुनिक सर्विलांस सिस्टम लगाया जा रहा है। इसके तहत स्टेशन की नई बिल्डिंग में कुल 550 हाई-रिजॉल्यूशन सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे, जिनमें से 120 कैमरे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तकनीक से लैस होंगे।
रेलवे प्रशासन के अनुसार, यह पूरी निगरानी व्यवस्था 24 घंटे और सातों दिन सक्रिय रहेगी। कैमरों के माध्यम से स्टेशन के हर कोने पर नजर रखी जाएगी, ताकि किसी भी संदिग्ध गतिविधि, अव्यवस्था या आपात स्थिति पर तुरंत कार्रवाई की जा सके।
नई इमारत में मिलेगी स्मार्ट सुरक्षा व्यवस्था
रायपुर स्टेशन की नई इमारत को स्मार्ट स्टेशन के रूप में विकसित किया जा रहा है। इसी कड़ी में सुरक्षा व्यवस्था को पूरी तरह डिजिटल और तकनीक आधारित बनाया गया है। लगाए जाने वाले कैमरे प्लेटफॉर्म, एंट्री-एग्जिट गेट, टिकट काउंटर, वेटिंग एरिया, पार्किंग जोन, फुट ओवरब्रिज, एस्केलेटर, लिफ्ट और स्टेशन के बाहरी हिस्सों तक कवरेज देंगे।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, नई व्यवस्था से स्टेशन परिसर में ब्लाइंड स्पॉट लगभग खत्म हो जाएंगे।
120 एआई कैमरे भीड़ और गतिविधियों पर रखेंगे नजर
इस प्रोजेक्ट की सबसे बड़ी खासियत 120 एआई आधारित कैमरों की तैनाती है। ये कैमरे सामान्य सीसीटीवी की तरह सिर्फ रिकॉर्डिंग नहीं करेंगे, बल्कि रियल टाइम में भीड़ की स्थिति, असामान्य गतिविधियों और संदिग्ध मूवमेंट को पहचान सकेंगे।
एआई कैमरे प्लेटफॉर्म पर अचानक अत्यधिक भीड़, किसी व्यक्ति के लंबे समय तक एक ही जगह रुकने, अव्यवस्थित गतिविधि और सुरक्षा से जुड़े जोखिमों की पहचान कर कंट्रोल रूम को तुरंत अलर्ट भेजेंगे।
हर पल भीड़ प्रबंधन में मिलेगी मदद
रेलवे प्रशासन का कहना है कि रायपुर स्टेशन पर रोजाना हजारों यात्रियों की आवाजाही होती है। त्योहारों, विशेष ट्रेनों और पीक समय में भीड़ का दबाव कई गुना बढ़ जाता है।
एआई आधारित सर्विलांस सिस्टम से अधिकारियों को यह जानकारी मिलेगी कि किस प्लेटफॉर्म, किस गेट या किस हिस्से में भीड़ ज्यादा है। इसके आधार पर मौके पर सुरक्षाकर्मी, रेलवे स्टाफ और ट्रैफिक कंट्रोल टीम को तुरंत तैनात किया जा सकेगा।
कंट्रोल रूम से होगी 24×7 मॉनिटरिंग
नई इमारत में अत्याधुनिक इंटीग्रेटेड कंट्रोल रूम बनाया जा रहा है, जहां से सभी 550 कैमरों की लाइव फीड एक साथ मॉनिटर की जाएगी। कंट्रोल रूम में प्रशिक्षित ऑपरेटर और सुरक्षा कर्मी तैनात रहेंगे।
किसी भी आपात स्थिति, संदिग्ध वस्तु, झगड़े, चोरी या तकनीकी समस्या की सूचना तुरंत रेलवे सुरक्षा बल (RPF) और जीआरपी को दी जा सकेगी।
अपराध और अव्यवस्था पर लगेगी लगाम
रेलवे अधिकारियों के मुताबिक, हाईटेक निगरानी से स्टेशन परिसर में—
- चोरी और जेबकतरी
- अवैध वेंडिंग
- दलालों की गतिविधियां
- अनाधिकृत प्रवेश
- संदिग्ध व्यक्तियों की आवाजाही
पर प्रभावी नियंत्रण किया जा सकेगा।
साथ ही रिकॉर्ड किए गए फुटेज भविष्य में जांच और कानूनी प्रक्रिया के लिए भी उपयोग में लाए जा सकेंगे।
यात्रियों को मिलेगा सुरक्षित और भरोसेमंद माहौल
नई व्यवस्था से महिला यात्रियों, बुजुर्गों और बच्चों की सुरक्षा को लेकर भी रेलवे को बड़ी मदद मिलने की उम्मीद है। स्टेशन के वेटिंग हॉल, शौचालय मार्ग, फुटओवरब्रिज और पार्किंग क्षेत्र जैसे संवेदनशील हिस्सों पर विशेष फोकस के साथ कैमरे लगाए जा रहे हैं।
रेलवे प्रशासन का मानना है कि हाईटेक सुरक्षा व्यवस्था से यात्रियों में भरोसा बढ़ेगा और स्टेशन की छवि आधुनिक व सुरक्षित परिवहन केंद्र के रूप में मजबूत होगी।
भविष्य में और तकनीक जोड़ने की तैयारी
रेलवे सूत्रों के अनुसार, भविष्य में इस सिस्टम को फेस रिकग्निशन, संदिग्ध वस्तु पहचान और इंटीग्रेटेड पब्लिक अनाउंसमेंट सिस्टम से भी जोड़ा जा सकता है। इससे सुरक्षा के साथ-साथ आपदा प्रबंधन और इमरजेंसी रिस्पॉन्स सिस्टम और अधिक मजबूत होगा।
रायपुर स्टेशन बनेगा स्मार्ट और सुरक्षित हब
रायपुर रेलवे स्टेशन की नई इमारत को प्रदेश का प्रमुख ट्रांजिट हब बनाने की योजना है। हाईटेक निगरानी व्यवस्था इसी योजना का अहम हिस्सा है। रेलवे प्रशासन का कहना है कि तकनीक आधारित सुरक्षा व्यवस्था से न सिर्फ अपराधों में कमी आएगी, बल्कि यात्रियों को बेहतर अनुभव भी मिलेगा।

