विरात महानगर NEWS आपका शहर · आपकी खबर
📄 ई-पेपर
⚡ ब्रेकिंग
गरियाबंद पुलिस साइबर जागरूकता: स्कूली बच्चियों ने ठगी से बचाया, SP सिरमौर ने दिया जन सुरक्षा का संदेश छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल का नया लोगो जारी: प्रदेश के विकास को मिलेगी नई गति लायंस क्लब रायपुर शिखर की नई कार्यकारिणी ने ली शपथ, वृद्धाश्रम निर्माण पर जोर खरोरा पीएम श्री स्कूल एसएमसी गठन में मनमानी: अभिभावकों में गहरा रोष रायपुर के यूनियन क्लब समर कैंप समापन: 25 वर्षों की गौरवशाली यात्रा का जश्न गरियाबंद में अवैध खनन पर प्रशासन का शिकंजा: हाइवा और चेन माउंटेन मशीन जब्त छत्तीसगढ़ निवेश प्रस्ताव: हैदराबाद इन्वेस्टर कनेक्ट में 9,580 करोड़ के सौदे BRICS विस्तार 2026 — भारत के लिए नए अवसर, चुनौतियाँ और रणनीति गरियाबंद पुलिस साइबर जागरूकता: स्कूली बच्चियों ने ठगी से बचाया, SP सिरमौर ने दिया जन सुरक्षा का संदेश छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल का नया लोगो जारी: प्रदेश के विकास को मिलेगी नई गति लायंस क्लब रायपुर शिखर की नई कार्यकारिणी ने ली शपथ, वृद्धाश्रम निर्माण पर जोर खरोरा पीएम श्री स्कूल एसएमसी गठन में मनमानी: अभिभावकों में गहरा रोष रायपुर के यूनियन क्लब समर कैंप समापन: 25 वर्षों की गौरवशाली यात्रा का जश्न गरियाबंद में अवैध खनन पर प्रशासन का शिकंजा: हाइवा और चेन माउंटेन मशीन जब्त छत्तीसगढ़ निवेश प्रस्ताव: हैदराबाद इन्वेस्टर कनेक्ट में 9,580 करोड़ के सौदे BRICS विस्तार 2026 — भारत के लिए नए अवसर, चुनौतियाँ और रणनीति

आईजीकेवी में खुलेगा न्यूक्लियर एनर्जी एग्रीकल्चर रिसर्च सेंटर: गामा किरणों से बढ़ेगी फसलों की उत्पादकता, बीज अब मुंबई नहीं भेजने पड़ेंगे

📑 इस लेख मेंआईजीकेवी रायपुर में न्यूक्लियर एग्रीकल्चर रिसर्च सेंटर खुलेगा, गामा किरणों से फसलों की उत्पादकता बढ़ेगी, बीज अब मुंबई नहीं भेजने पड़ेंगे।न्यूक्लियर तकनीक से कृषि को…

📅 31 December 2025, 11:01 am अपडेट: 16 May 2026
⏱ 1 मिनट पढ़ें
161

आईजीकेवी रायपुर में न्यूक्लियर एग्रीकल्चर रिसर्च सेंटर खुलेगा, गामा किरणों से फसलों की उत्पादकता बढ़ेगी, बीज अब मुंबई नहीं भेजने पड़ेंगे।

रायपुर। छत्तीसगढ़ के किसानों और कृषि अनुसंधान के क्षेत्र में एक बड़ी उपलब्धि जुड़ने जा रही है। इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय (आईजीकेवी) रायपुर में जल्द ही न्यूक्लियर एनर्जी एग्रीकल्चर रिसर्च सेंटर की स्थापना की जाएगी। इस अत्याधुनिक केंद्र के शुरू होने से पारंपरिक फसलों की उत्पादकता बढ़ाने के लिए गामा किरणों (Gamma Rays) का उपयोग किया जाएगा। इसके साथ ही बीजों के उपचार और अनुसंधान के लिए अब उन्हें मुंबई स्थित भाभा परमाणु अनुसंधान केंद्र (BARC) भेजने की जरूरत नहीं पड़ेगी।

न्यूक्लियर तकनीक से कृषि को मिलेगा नया आयाम

इस रिसर्च सेंटर का उद्देश्य कृषि में परमाणु ऊर्जा आधारित तकनीकों का उपयोग कर—

  • अधिक उत्पादन देने वाली किस्मों का विकास
  • रोग और कीट प्रतिरोधक बीज तैयार करना
  • कम समय में पकने वाली फसलें विकसित करना

है। गामा किरणों की मदद से बीजों में नियंत्रित उत्परिवर्तन (Mutation Breeding) किया जाएगा, जिससे उनकी गुणवत्ता और उपज क्षमता में सुधार होगा।

बीजों की उत्पादकता बढ़ाने में होगी मदद

वैज्ञानिकों के अनुसार—

  • गामा किरणें बीजों के डीएनए में सूक्ष्म परिवर्तन करती हैं
  • इससे नई, उन्नत और जलवायु-सहिष्णु किस्में विकसित होती हैं
  • परंपरागत फसलों जैसे धान, गेहूं, दलहन और तिलहन की पैदावार बढ़ेगी

यह तकनीक पहले से ही देश के कई राज्यों में सफल साबित हो चुकी है।

अब मुंबई नहीं भेजने होंगे बीज

अब तक छत्तीसगढ़ में—

  • बीजों को गामा किरणों से उपचार के लिए
  • मुंबई स्थित BARC भेजना पड़ता था
  • जिससे समय, लागत और प्रक्रिया जटिल हो जाती थी

आईजीकेवी में यह केंद्र खुलने के बाद—

  • शोध कार्य तेजी से होंगे
  • किसानों तक नई किस्में जल्दी पहुंचेंगी
  • राज्य आत्मनिर्भर कृषि अनुसंधान की दिशा में आगे बढ़ेगा

किसानों को होगा सीधा लाभ

इस केंद्र से विकसित बीजों से—

  • किसानों की लागत घटेगी
  • उत्पादन बढ़ेगा
  • जलवायु परिवर्तन से होने वाले नुकसान से राहत मिलेगी

विशेषज्ञों का कहना है कि इससे छत्तीसगढ़ के आदिवासी और छोटे किसानों को भी बड़ा फायदा मिलेगा।

युवाओं और शोधार्थियों के लिए अवसर

न्यूक्लियर एनर्जी एग्रीकल्चर रिसर्च सेंटर—

  • कृषि विज्ञान के छात्रों
  • शोधार्थियों
  • वैज्ञानिकों

के लिए नए शोध और प्रशिक्षण के अवसर भी उपलब्ध कराएगा। इससे राज्य में कृषि अनुसंधान का स्तर राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप होगा।

केंद्र सरकार और राज्य सरकार का सहयोग

इस परियोजना को—

  • केंद्र सरकार
  • परमाणु ऊर्जा विभाग
  • राज्य कृषि विभाग

के सहयोग से स्थापित किया जाएगा। आवश्यक तकनीकी सहयोग और सुरक्षा मानकों का भी विशेष ध्यान रखा जाएगा।

कृषि में नवाचार की ओर छत्तीसगढ़

आईजीकेवी प्रशासन का कहना है कि—

  • यह केंद्र छत्तीसगढ़ को कृषि नवाचार का हब बनाएगा
  • पारंपरिक खेती को आधुनिक तकनीक से जोड़ा जाएगा
  • किसानों की आय बढ़ाने की दिशा में यह मील का पत्थर साबित होगा

भविष्य की योजना

आने वाले समय में—

  • और अधिक फसलों पर शोध
  • किसानों को प्रशिक्षण कार्यक्रम
  • नई किस्मों का व्यावसायिक उत्पादन

की योजना बनाई जा रही है।

cg news, raipur news, Virat News, छत्तीसगढ़, आईजीकेवी, में, खुलेगा, न्यूक्लियर, एनर्जी, एग्रीकल्चर — संक्षेप और और पढ़ें

cg news, raipur news, Virat News, छत्तीसगढ़, आईजीकेवी, में, खुलेगा, न्यूक्लियर, एनर्जी, एग्रीकल्चर के बारे में और जानकारी के लिए नीचे दी गई संबंधित खबरें पढ़ें। विरात महानगर पर cg news, raipur news, Virat News, छत्तीसगढ़, आईजीकेवी, में, खुलेगा, न्यूक्लियर, एनर्जी, एग्रीकल्चर से जुड़ी अद्यतन रिपोर्टिंग पढ़ें।

संबंधित खबरें:

स्रोत / और पढ़ें: भारत सरकार पोर्टल

💬

आपकी राय जरूरी है

इस खबर पर अपनी प्रतिक्रिया WhatsApp / Telegram पर भेजें — हम पढ़ते हैं, जवाब देते हैं, और बेहतर खबरें लाते हैं।

अन्य श्रेणियों से ताज़ा

💬WhatsApp Telegram 📘Facebook