गुरु गोविंद सिंह जयंती 2025: गुरुद्वारों में विशेष दीवान, रागी जत्थों की प्रस्तुति से संगत निहाल

गुरु गोविंद सिंह जयंती 2025
- Advertisement -
vastuguruji
Facebook
Twitter
LinkedIn
Pinterest
WhatsApp

रायपुर। गुरु गोविंद सिंह जयंती 2025

आज पूरे देश में सिख धर्म के दसवें गुरु, गुरु गोविंद सिंह जी की 358वीं जयंती प्रकाश पर्व के रूप में धूमधाम से मनाई जा रही है। सिख समाज के श्रद्धालु गुरुद्वारों में पहुंचकर गुरुग्रंथ साहब पर मत्था टेक रहे हैं और गुरुजी के महान उपदेशों को याद कर रहे हैं। राजधानी रायपुर में भी यह पर्व हर्षोल्लास और भक्ति भाव के साथ मनाया गया। गुरुद्वारों में विशेष सजावट की गई, भजन-कीर्तन का आयोजन हुआ, और श्रद्धालुओं ने बड़े उत्साह के साथ इस पवित्र अवसर पर भाग लिया।

इस खास अवसर पर ग्रैंड ग्रुप के चेयरमैन और टेनिस संघ के महासचिव गुरुचरण सिंह होरा ने रायपुर के पंडरी गुरुद्वारे में सपरिवार मत्था टेककर देश और प्रदेशवासियों की खुशहाली के लिए प्रार्थना की। उन्होंने कहा, “गुरु गोविंद सिंह जी के महान बलिदानों और शिक्षाओं को याद करना हमारे लिए गर्व का विषय है। उन्होंने अधर्म के खिलाफ लड़ाई लड़ी और धर्म और न्याय की रक्षा की। उनके संघर्ष और आदर्श आज भी हमारे लिए प्रेरणा का स्रोत हैं।”

Read It Loud


गुरुद्वारों में भव्य आयोजन और दीवान सजाए गए

रायपुर के विभिन्न गुरुद्वारों में सुबह से ही श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। श्रद्धालुओं ने गुरुग्रंथ साहब पर मत्था टेककर गुरुजी को नमन किया और उनके बताए गए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। गुरुद्वारों को भव्य रूप से सजाया गया था, जहां भजन-कीर्तन और शबद गायन ने संगत को भक्तिमय कर दिया।

इस अवसर पर गंगानगर के प्रसिद्ध रागी गगनदीप सिंह, सीसगंज गुरुद्वारा के गुरु फतेह सिंह, और गोविंद नगर गुरुद्वारा के हरविंदर सिंह व हरमिंदर सिंह ने विशेष दीवान सजाकर अपनी सुरमयी प्रस्तुतियों से संगत को निहाल किया। इन भावपूर्ण प्रस्तुतियों ने श्रद्धालुओं के दिलों को छू लिया और उन्हें गुरुजी की शिक्षाओं के प्रति अधिक समर्पित किया।

image 2
गुरु गोविंद सिंह जयंती 2025: गुरुद्वारों में विशेष दीवान, रागी जत्थों की प्रस्तुति से संगत निहाल 14

पंडरी गुरुद्वारे में शिक्षा और स्वास्थ्य का लंगर

पंडरी गुरुद्वारे में इस जयंती पर सेवा का अनूठा उदाहरण पेश किया गया। यहां शिक्षा और स्वास्थ्य के लंगर का आयोजन हुआ, जिसमें छोटे बच्चों को कॉपी-किताबें और स्कूल बैग वितरित किए गए। इसके साथ ही, दवाइयों का लंगर भी लगाया गया, जहां बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने निशुल्क दवाइयां प्राप्त कीं।

ग्रैंड ग्रुप के चेयरमैन गुरुचरण सिंह होरा ने कहा, “सिख समाज हमेशा से मानवता की सेवा में अग्रसर रहा है। गुरुओं की शिक्षाओं को अपनाते हुए, हम सेवा और परोपकार को अपना मुख्य उद्देश्य मानते हैं। शिक्षा और स्वास्थ्य लंगर का आयोजन इसी दिशा में एक प्रयास है।”


श्रद्धालुओं का उत्साह और भक्ति

गुरुद्वारों में सुबह से ही श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी। सभी ने गुरु गोविंद सिंह जी को नमन किया और उनके दिखाए गए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। श्रद्धालुओं का कहना था कि गुरुजी का जीवन बलिदान और सेवा का प्रतीक है, और उनकी शिक्षाएं हमें जीवन में सच्चाई और साहस के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा देती हैं।

पूर्व विधायक कुलदीप जुनेजा ने भी पंडरी गुरुद्वारे में पहुंचकर मत्था टेका और गुरु गोविंद सिंह जी के उपदेशों को याद किया। उन्होंने कहा कि गुरुजी ने धर्म और न्याय के लिए अपने जीवन का बलिदान दिया और पूरी मानवता को प्रेम और भाईचारे का संदेश दिया।

image 4
गुरु गोविंद सिंह जयंती 2025: गुरुद्वारों में विशेष दीवान, रागी जत्थों की प्रस्तुति से संगत निहाल 15

गुरु गोविंद सिंह जी का जीवन: प्रेरणा और बलिदान का प्रतीक

गुरु गोविंद सिंह जी का जीवन प्रेरणा और बलिदान का प्रतीक है। उन्होंने धर्म और न्याय की रक्षा के लिए अपने परिवार और स्वयं को समर्पित कर दिया। उन्होंने सिख समाज की स्थापना की और मानवता की सेवा को अपना धर्म बनाया।

गुरुचरण सिंह होरा ने कहा, “गुरु गोविंद सिंह जी की कुर्बानियों ने हमें सिखाया कि धर्म और सच्चाई की रक्षा के लिए हमें हमेशा खड़ा रहना चाहिए। उनके जीवन से हमें यह सीख मिलती है कि जब तक समाज में अन्याय और अधर्म है, हमें उसके खिलाफ लड़ाई लड़नी चाहिए।”


भव्य आयोजन और संदेश

पंडरी गुरुद्वारे में लंगर और सेवा का यह आयोजन केवल धार्मिक उत्सव तक सीमित नहीं रहा, बल्कि यह समाज के प्रति सिख धर्म की सेवा भावना का प्रतीक बना। इस अवसर पर शिक्षा और स्वास्थ्य के प्रति सिख समाज की प्रतिबद्धता दिखाई दी।

गुरुचरण सिंह होरा ने कहा, “हमारा सिख समाज गुरुओं की शिक्षाओं को अपने जीवन में आत्मसात करता है। आज का दिन हमें यह याद दिलाता है कि हम सेवा और परोपकार के कार्यों को प्राथमिकता दें। यह आयोजन इसी उद्देश्य को पूरा करता है।”

image 3
गुरु गोविंद सिंह जयंती 2025: गुरुद्वारों में विशेष दीवान, रागी जत्थों की प्रस्तुति से संगत निहाल 16

भाईचारे और शांति का संदेश

गुरु गोविंद सिंह जी के प्रकाश पर्व के इस अवसर पर श्रद्धालुओं ने भाईचारे और शांति का संदेश फैलाने का संकल्प लिया। श्रद्धालुओं ने कहा कि गुरुजी के उपदेश हमें सिखाते हैं कि हम समाज में एकता, प्रेम और सद्भाव बनाए रखें।

गुरुचरण सिंह होरा ने सभी प्रदेश और देशवासियों को गुरु गोविंद सिंह जी की जयंती की शुभकामनाएं देते हुए कहा, “मैं कामना करता हूं कि हर परिवार खुशहाल और समृद्ध रहे। हमें अपने गुरुओं के दिखाए गए मार्ग पर चलकर समाज में प्रेम और सद्भाव का संदेश देना चाहिए।”


निष्कर्ष

गुरु गोविंद सिंह जयंती 2025 का यह प्रकाश पर्व श्रद्धा, भक्ति और सेवा का प्रतीक बनकर सामने आया। रायपुर के गुरुद्वारों में आयोजित भव्य आयोजन और लंगर न केवल धार्मिक उत्साह का केंद्र बने, बल्कि मानवता की सेवा का संदेश भी दिया।

गुरु गोविंद सिंह जी की शिक्षाएं आज भी समाज को प्रेरित करती हैं और आने वाली पीढ़ियों के लिए मार्गदर्शक बनी रहेंगी। यह प्रकाश पर्व सिख समाज की सेवा भावना और मानवता के प्रति उनके योगदान का एक अद्भुत उदाहरण है।

शूटर पंजाब से गिरफ्तार

Facebook
Twitter
LinkedIn
Pinterest
WhatsApp
Leave a Comment
- Advertisement -
Vastugurujivastuguruji

Recent News

Vastu Products

VastuGuruji Products
INDRA DEV 9″
INDRA DEV 9″
🛒 Read More Details
Power of Infinity
Power of Infinity
🛒 Read More Details
Vastu Chakra
Vastu Chakra 
🛒 Read More Details

भीषण गर्मी में बिजली कटौती से लोग परेशान

रायपुर में भीषण गर्मी के बीच मेंटेनेंस के नाम पर घंटों बिजली…

छत्तीसगढ़ में भीषण गर्मी का कहर जारी

छत्तीसगढ़ में भीषण गर्मी बढ़ी, कई जिलों में लू की चेतावनी, IMD…

बुनियादी सुविधाओं को तरसते महाविद्यालय

राजनांदगांव के महाविद्यालयों में बुनियादी सुविधाओं का अभाव, बरामदे में कक्षाएं, पंचायत…