रायपुर में तीर्थयात्रा कराने का झांसा देकर ठग ने परिवार से दो लाख रुपये हड़प लिए, शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
रायपुर। राजधानी रायपुर में तीर्थयात्रा कराने का झांसा देकर एक परिवार से करीब दो लाख रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। पीड़ित परिवार ने बताया कि आरोपी ने धार्मिक यात्रा की पूरी व्यवस्था कराने का भरोसा दिलाया था, लेकिन रकम लेने के बाद न तो यात्रा कराई गई और न ही पैसे वापस किए गए।
पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी ने खुद को ट्रैवल और तीर्थयात्रा आयोजन से जुड़ा व्यक्ति बताया था और भरोसा दिलाया था कि वह कम खर्च में आरामदायक और सुरक्षित यात्रा कराएगा।
पीड़ित परिवार के अनुसार, आरोपी ने उत्तर भारत के प्रमुख धार्मिक स्थलों की यात्रा कराने का पैकेज बताया था और होटल, वाहन तथा दर्शन की व्यवस्था पहले से तय होने की बात कही थी। आरोपी की बातों पर भरोसा कर परिवार ने अलग-अलग किस्तों में कुल दो लाख रुपये उसे दे दिए।
कुछ दिनों बाद जब यात्रा की तारीख नजदीक आई तो पीड़ितों ने आरोपी से संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन वह टालमटोल करने लगा। बाद में उसका मोबाइल बंद आने लगा और कार्यालय का पता भी फर्जी निकला। इसके बाद पीड़ित परिवार को ठगी का अहसास हुआ।
भरोसा जीतने के लिए दिखाई गई फर्जी बुकिंग
पीड़ितों ने बताया कि आरोपी ने उन्हें मोबाइल पर होटल और वाहन की कथित बुकिंग से जुड़े स्क्रीनशॉट भी भेजे थे। इन्हीं दस्तावेजों के आधार पर परिवार को भरोसा हो गया कि यात्रा की पूरी तैयारी हो चुकी है। लेकिन बाद में पता चला कि सभी बुकिंग और दस्तावेज फर्जी थे।
पुलिस ने दर्ज किया अपराध
मामले की शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने धोखाधड़ी का अपराध दर्ज कर लिया है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आरोपी की पहचान कर ली गई है और उसके मोबाइल कॉल डिटेल्स तथा बैंक लेनदेन की जांच की जा रही है।
पुलिस का कहना है कि यह भी पता लगाया जा रहा है कि आरोपी ने इसी तरह अन्य लोगों को भी निशाना बनाया है या नहीं। यदि अन्य पीड़ित सामने आते हैं तो प्रकरण में धाराएं और बढ़ाई जा सकती हैं।
साइबर और आर्थिक लेनदेन की जांच तेज
जांच के दौरान पुलिस आरोपी के बैंक खातों, ऑनलाइन ट्रांजैक्शन और डिजिटल साक्ष्यों को खंगाल रही है। प्रारंभिक जांच में यह भी संदेह जताया जा रहा है कि आरोपी किसी संगठित गिरोह से जुड़ा हो सकता है, जो धार्मिक यात्राओं और टूर पैकेज के नाम पर लोगों को ठगता है।
तीर्थयात्रा के नाम पर बढ़ रही ठगी
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि त्योहारों और छुट्टियों के मौसम में तीर्थयात्रा और टूर पैकेज के नाम पर ठगी के मामले बढ़ जाते हैं। लोग आस्था और भरोसे के चलते बिना पूरी जांच-पड़ताल के रकम दे देते हैं, जिसका फायदा ठग उठाते हैं।
आम नागरिकों से सावधानी बरतने की अपील
पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी ट्रैवल एजेंसी या व्यक्ति को बड़ी रकम देने से पहले उसके पंजीकरण, कार्यालय पते और पूर्व रिकॉर्ड की पूरी जांच जरूर करें। केवल सोशल मीडिया या फोन कॉल पर मिले ऑफर के आधार पर भुगतान न करें।
यदि कोई व्यक्ति तीर्थयात्रा या टूर पैकेज के नाम पर संदिग्ध तरीके से पैसे मांगता है, तो इसकी सूचना तुरंत पुलिस को दें।
मामले की जांच छत्तीसगढ़ पुलिस द्वारा की जा रही है और आरोपी की तलाश के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है।
पीड़ित परिवार को न्याय का भरोसा
पुलिस अधिकारियों ने भरोसा दिलाया है कि आरोपी को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा और पीड़ितों की राशि वापस दिलाने के लिए कानूनी प्रक्रिया अपनाई जाएगी। फिलहाल प्रकरण में साक्ष्य संकलन और तकनीकी जांच जारी है।

