रायपुर में छत्तीसगढ़ सिख संगठन लेडीज विंग ने भव्य लोहड़ी महोत्सव मनाया, गुरुचरण सिंह होरा समेत कई गणमान्य अतिथियों की मौजूदगी में सांस्कृतिक प्रस्तुतियां और प्रतियोगिताएं हुईं।
रायपुर। राजधानी रायपुर में छत्तीसगढ़ सिख संगठन लेडीज विंग द्वारा शनिवार को अंबुजा मॉल ग्राउंड में पारंपरिक लोहड़ी महोत्सव 2026 का भव्य आयोजन किया गया। इस अवसर पर सिख समाज सहित अन्य समुदायों के हजारों लोग परिवार सहित कार्यक्रम में शामिल हुए। पूरे आयोजन में पारिवारिक वातावरण, सांस्कृतिक रंग और उत्साह देखते ही बन रहा था।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में छत्तीसगढ़ स्टेट क्रिकेट संघ के संरक्षक सरदार बलदेव सिंह भाटिया तथा विशेष अतिथि के रूप में ग्रैंड ग्रुप के चेयरमैन एवं छत्तीसगढ़ टेनिस संघ के महासचिव गुरुचरण सिंह होरा उपस्थित रहे। इसके अलावा अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष अमरजीत सिंह छाबड़ा, कांग्रेस महामंत्री मलकीत सिंह गेंदु, पूर्व विधायक कुलदीप जुनेजा, सिख समाज छत्तीसगढ़ के अध्यक्ष महेंद्र छाबड़ा, गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी स्टेशन रोड के सुरेंद्र सिंह छाबड़ा, सिख संगठन प्रदेश अध्यक्ष दलजीत सिंह, कांग्रेस प्रदेश महामंत्री अमरजीत चावला तथा महिला अध्यक्ष श्वेता अरोरा सहित अनेक गणमान्य अतिथि मौजूद रहे।

परंपरा और श्रद्धा के साथ हुआ शुभारंभ
कार्यक्रम की शुरुआत सिख परंपराओं के अनुसार गुरुओं के स्मरण और अरदास के साथ की गई। इसके बाद बच्चों और युवाओं ने भांगड़ा और गिद्धा की रंगारंग प्रस्तुतियां दीं, जिसने पूरे माहौल को उल्लास से भर दिया। पारंपरिक पंजाबी गीत, नृत्य और लोहड़ी से जुड़े सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजन के मुख्य आकर्षण रहे।
रायपुर से आए प्रसिद्ध पंजाबी गायक कमलजीत सिंह ने अपनी मनमोहक प्रस्तुति से समां बांध दिया। उनकी प्रस्तुति पर दर्शक झूम उठे और पूरा परिसर तालियों से गूंज उठा।
गुरुचरण सिंह होरा ने बताया लोहड़ी का महत्व
विशेष अतिथि गुरुचरण सिंह होरा ने अपने संबोधन में कहा कि लोहड़ी पर्व आपसी प्रेम, भाईचारे और सामाजिक एकता का प्रतीक है। यह पर्व नई शुरुआत, खुशहाली और सकारात्मक ऊर्जा का संदेश देता है।
उन्होंने कहा,
“ऐसे आयोजन नई पीढ़ी को अपनी संस्कृति और परंपराओं से जोड़ने का कार्य करते हैं। समाज की एकता और सद्भाव बनाए रखने में इन आयोजनों की बड़ी भूमिका होती है।”
उन्होंने आयोजन समिति की सराहना करते हुए सभी को लोहड़ी पर्व की शुभकामनाएं दीं और बच्चों व युवाओं से अपनी सांस्कृतिक विरासत को संजोए रखने का आह्वान किया।
प्रतियोगिताओं ने बढ़ाया उत्साह
लोहड़ी महोत्सव के दौरान कई रोचक प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया, जिनमें —
- सोहणी जोड़ी
- मिस कौर
- मिस्टर सिंह
- सुंदर दस्तार
- सोहणी कुड़ी
- सुर्खा मुंडा
प्रतियोगिताओं के विजेताओं को नकद पुरस्कार दिए गए। इसके साथ ही मेगा लकी ड्रॉ के अंतर्गत वॉशिंग मशीन, टीवी और डायमंड रिंग जैसे आकर्षक उपहार भी प्रदान किए गए।
आयोजकों ने बताया कि प्रतियोगिताओं में सिख परंपराओं का पालन अनिवार्य रखा गया था। आयु सीमा भी निर्धारित की गई थी, जिससे बच्चों और युवाओं को समान अवसर मिल सके।
नवविवाहित जोड़ों और नवजात शिशुओं को मिला आशीर्वाद
कार्यक्रम का भावनात्मक पक्ष तब सामने आया जब नवविवाहित जोड़ों और नवजात बच्चों को विशेष रूप से मंच पर बुलाकर आशीर्वाद दिया गया। यह क्षण दर्शकों के लिए बेहद भावुक और प्रेरणादायक रहा।
पंजाबी व्यंजनों की खास व्यवस्था
आयोजन स्थल पर पंजाबी व्यंजनों की विशेष व्यवस्था की गई थी। मक्के की रोटी, सरसों का साग, रेवड़ी, गजक और मूंगफली जैसे पारंपरिक व्यंजनों ने महोत्सव का स्वाद और भी बढ़ा दिया।
सामाजिक एकता का संदेश
छत्तीसगढ़ सिख संगठन लेडीज विंग द्वारा आयोजित यह लोहड़ी महोत्सव न केवल एक सांस्कृतिक कार्यक्रम रहा, बल्कि सामाजिक एकता, भाईचारे और सांस्कृतिक विरासत को सहेजने का सशक्त उदाहरण भी बना। आयोजन में अन्य समाजों की भागीदारी ने यह साबित किया कि रायपुर में सभी समुदाय मिल-जुलकर अपने त्योहारों को उत्साह के साथ मनाते हैं।
लोहड़ी पर्व का महत्व
गौरतलब है कि लोहड़ी सिख और पंजाबी समाज का प्रमुख पर्व है, जिसे फसल पकने और नई फसल की खुशी के प्रतीक के रूप में मनाया जाता है। यह पर्व समृद्धि, सुख-शांति और सामूहिक उल्लास का संदेश देता है।

