छत्तीसगढ़ को 7,470 करोड़ का रेल बजट, 32 स्टेशन एयरपोर्ट की तर्ज पर विकसित होंगे, व्यापारियों को 10 हजार करोड़ की सहायता से उद्योग को बढ़ावा मिलेगा।
रायपुर। छत्तीसगढ़ को रेलवे क्षेत्र में बड़ी सौगात मिलने जा रही है। राज्य के लिए 7,470 करोड़ रुपये का रेल बजट तय किया गया है। इस बजट के तहत प्रदेश के 32 रेलवे स्टेशनों को एयरपोर्ट की तर्ज पर आधुनिक सुविधाओं से विकसित किया जाएगा। वहीं प्रदेश के व्यापार और उद्योग को मजबूती देने के लिए व्यापारियों को 10 हजार करोड़ रुपये तक की वित्तीय सहायता उपलब्ध कराने की भी घोषणा की गई है।
यह जानकारी राजधानी रायपुर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान दी गई। इस फैसले से छत्तीसगढ़ में रेल अधोसंरचना के साथ-साथ व्यापारिक गतिविधियों को भी नई गति मिलने की उम्मीद है।
32 रेलवे स्टेशन होंगे वर्ल्ड क्लास
रेल बजट के तहत प्रदेश के प्रमुख और यात्री दबाव वाले 32 रेलवे स्टेशनों का पुनर्विकास किया जाएगा। इन स्टेशनों को एयरपोर्ट की तरह अत्याधुनिक स्वरूप दिया जाएगा। यहां आधुनिक प्रतीक्षालय, लिफ्ट, एस्केलेटर, डिजिटल डिस्प्ले बोर्ड, स्वच्छ शौचालय, फूड कोर्ट, बेहतर पार्किंग और दिव्यांग अनुकूल सुविधाएं विकसित की जाएंगी।
अधिकारियों के अनुसार, इन स्टेशनों का विकास अमृत भारत स्टेशन योजना और स्टेशन पुनर्विकास मॉडल के तहत किया जाएगा।
यात्री सुविधाओं में होगा बड़ा सुधार
स्टेशनों के आधुनिकीकरण से यात्रियों को बेहतर सुरक्षा, स्वच्छता और सुविधाजनक यात्रा का अनुभव मिलेगा। प्लेटफार्मों पर रोशनी, सीसीटीवी कैमरे, वाई-फाई और स्मार्ट सूचना प्रणाली भी स्थापित की जाएगी।
रायपुर, दुर्ग, बिलासपुर जैसे प्रमुख जंक्शनों के साथ-साथ छोटे लेकिन व्यस्त स्टेशनों को भी इस योजना में शामिल किया गया है।
छत्तीसगढ़ को मिलेगा 7,470 करोड़ का रेल बजट
इस वर्ष के लिए छत्तीसगढ़ को 7,470 करोड़ रुपये का रेल बजट आवंटित किया गया है। इस बजट से नई रेल लाइनें, दोहरीकरण, ट्रैक उन्नयन, सिग्नलिंग सिस्टम और यात्री सुविधाओं के विकास से जुड़े कार्य किए जाएंगे।
रेलवे अधिकारियों का कहना है कि इससे प्रदेश की कनेक्टिविटी बेहतर होगी और औद्योगिक एवं खनिज क्षेत्रों तक परिवहन आसान बनेगा।
व्यापारियों को 10 हजार करोड़ की मदद
रेल बजट के साथ ही राज्य सरकार द्वारा व्यापार और लघु उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए 10 हजार करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता की व्यवस्था की गई है। इस राशि के माध्यम से व्यापारियों और उद्यमियों को सस्ती दरों पर ऋण, गारंटी सुविधा और कार्यशील पूंजी उपलब्ध कराई जाएगी।
इस पहल से छोटे और मध्यम व्यापारियों को पूंजी की समस्या से राहत मिलेगी और रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे।
व्यापार और उद्योग को मिलेगा सीधा लाभ
व्यापारी संगठनों का कहना है कि रेल नेटवर्क के मजबूत होने से माल ढुलाई आसान और सस्ती होगी। इससे छत्तीसगढ़ के उत्पाद देश के अन्य हिस्सों तक तेजी से पहुंच सकेंगे।
रेल और व्यापारिक सहायता योजनाओं के संयुक्त प्रभाव से राज्य में निवेश का माहौल बेहतर होगा।
रोजगार और निवेश को मिलेगी रफ्तार
स्टेशन पुनर्विकास, नई रेल परियोजनाओं और व्यापारिक सहायता योजनाओं से निर्माण, परिवहन, होटल, खानपान और लॉजिस्टिक क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।
विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले वर्षों में छत्तीसगढ़ एक महत्वपूर्ण लॉजिस्टिक और व्यापारिक हब के रूप में उभर सकता है।
रायपुर से विकास को मिलेगी नई दिशा
राजधानी रायपुर को भी इस योजना से बड़ा लाभ मिलने जा रहा है। रायपुर रेलवे स्टेशन सहित शहर के आसपास के स्टेशनों को भी आधुनिक सुविधाओं से लैस किया जाएगा, जिससे शहर में यात्रियों और व्यापारिक गतिविधियों दोनों में वृद्धि होगी।

