रायपुर में हर घर को यूनिक डिजिटल पहचान मिलेगी, अब ऑनलाइन टैक्स भुगतान की सुविधा शुरू, नागरिकों को निगम कार्यालय जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
रायपुर | रायपुर शहरवासियों को डिजिटल सुविधा की बड़ी सौगात देते हुए अब हर घर और संपत्ति को यूनिक डिजिटल पहचान नंबर दिया जाएगा। इसके साथ ही संपत्ति कर (हाउस टैक्स) सहित अन्य नगर निगम सेवाओं के लिए ऑनलाइन भुगतान व्यवस्था भी शुरू कर दी गई है। अब नागरिकों को टैक्स भरने या जानकारी अपडेट कराने के लिए निगम कार्यालय के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे।
यह नई व्यवस्था रायपुर नगर निगम द्वारा लागू की गई है। इसका उद्देश्य नगर प्रशासन को पारदर्शी, तेज और पूरी तरह डिजिटल बनाना है।
नगर निगम अधिकारियों के अनुसार, प्रत्येक मकान, दुकान और भवन को एक यूनिक प्रॉपर्टी आईडी से जोड़ा जाएगा। इसी डिजिटल पहचान के आधार पर संपत्ति से जुड़ी सभी सेवाएं संचालित होंगी।
डिजिटल पहचान से बदलेगी टैक्स व्यवस्था
नई प्रणाली के तहत शहर के सभी वार्डों में संपत्तियों का डिजिटल सर्वे किया जा रहा है। सर्वे के बाद हर संपत्ति को एक यूनिक आईडी दी जाएगी, जिसमें उस भवन की लोकेशन, उपयोग, क्षेत्रफल और कर से जुड़ी पूरी जानकारी दर्ज रहेगी।
इस व्यवस्था से टैक्स निर्धारण में पारदर्शिता आएगी और किसी भी तरह की गड़बड़ी या दोहरी प्रविष्टि की संभावना कम होगी।
अब घर बैठे होगा टैक्स भुगतान
निगम की नई ऑनलाइन सुविधा के जरिए नागरिक अपने मोबाइल या कंप्यूटर से घर बैठे—
- संपत्ति कर का भुगतान
- बकाया कर की जानकारी
- रसीद डाउनलोड
- संपत्ति विवरण अपडेट
जैसी सेवाओं का लाभ ले सकेंगे। इसके लिए निगम की वेबसाइट और पोर्टल को अपडेट किया गया है।
लंबी लाइन और दलालों से मिलेगी राहत
अब तक टैक्स जमा करने के लिए नागरिकों को निगम कार्यालय में लंबी कतारों में लगना पड़ता था। कई बार जानकारी के अभाव में लोगों को एजेंट या बिचौलियों का सहारा लेना पड़ता था। यूनिक डिजिटल पहचान और ऑनलाइन भुगतान प्रणाली से यह परेशानी पूरी तरह खत्म होने की उम्मीद है।
कर संग्रह बढ़ाने में भी मिलेगी मदद
नगर निगम अधिकारियों का मानना है कि इस डिजिटल व्यवस्था से कर संग्रह में भी उल्लेखनीय बढ़ोतरी होगी। कई संपत्तियां अब तक रिकॉर्ड में दर्ज नहीं थीं या उनका विवरण अधूरा था। यूनिक आईडी आधारित प्रणाली से सभी संपत्तियों को नेटवर्क से जोड़ा जाएगा, जिससे टैक्स बेस मजबूत होगा।
शिकायत और सुधार भी होंगे ऑनलाइन
नई प्रणाली में नागरिकों को यह सुविधा भी मिलेगी कि यदि उनके टैक्स निर्धारण या संपत्ति विवरण में कोई त्रुटि हो, तो वे ऑनलाइन ही शिकायत दर्ज कर सकेंगे। शिकायतों का निस्तारण भी डिजिटल ट्रैकिंग के जरिए किया जाएगा।
स्मार्ट सिटी की दिशा में बड़ा कदम
यह पहल शहर को स्मार्ट और तकनीक आधारित प्रशासन की ओर ले जाने का महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। आने वाले समय में इसी यूनिक डिजिटल पहचान से पानी कर, कचरा प्रबंधन शुल्क और अन्य शहरी सेवाओं को भी जोड़ने की योजना है।
आम लोगों को मिलेगा सीधा लाभ
शहरवासियों के लिए यह व्यवस्था समय और पैसे दोनों की बचत करेगी। बुजुर्ग, नौकरीपेशा और व्यापारियों को अब निगम कार्यालय जाकर छुट्टी लेने या लाइन में लगने की जरूरत नहीं होगी।
नगर निगम प्रशासन का कहना है कि सभी वार्डों में चरणबद्ध तरीके से यूनिक डिजिटल पहचान जारी की जाएगी और नागरिकों को एसएमएस अथवा सूचना के माध्यम से इसकी जानकारी दी जाएगी।
डिजिटल पहचान और ऑनलाइन टैक्स सुविधा से रायपुर नगर निगम की सेवाएं अब पहले से कहीं अधिक सरल, पारदर्शी और नागरिकों के अनुकूल बनेंगी।

