छत्तीसगढ़ में पहली बार ईवी चार्जिंग पॉलिसी लागू, निजी अपार्टमेंट और कॉम्प्लेक्स में चार्जिंग स्टेशन खोलने की अनुमति, ईवी अपनाने और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा।
रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्य में इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) को बढ़ावा देने के लिए एक अहम और दूरदर्शी पहल की है। पहली बार राज्य में ऐसी ईवी चार्जिंग स्टेशन पॉलिसी लागू की जा रही है, जिसके तहत अब निजी अपार्टमेंट, हाउसिंग सोसायटी और व्यावसायिक कॉम्प्लेक्स में भी ईवी चार्जिंग स्टेशन और चार्जिंग प्वाइंट स्थापित किए जा सकेंगे। इससे आम लोगों को अपने घर या कार्यस्थल के पास ही चार्जिंग सुविधा मिल सकेगी।
सरकार के इस निर्णय से रायपुर सहित प्रदेश के सभी प्रमुख शहरों में ईवी उपयोग को प्रोत्साहन मिलेगा और चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर की कमी दूर होगी। परिवहन विभाग के अनुसार, अब तक ईवी चार्जिंग सुविधा मुख्य रूप से सार्वजनिक स्थानों, पेट्रोल पंपों या सरकारी परिसरों तक सीमित थी, लेकिन नई नीति से निजी क्षेत्र की भागीदारी भी सुनिश्चित होगी।
निजी परिसरों में खुल सकेंगे चार्जिंग स्टेशन
नई पॉलिसी के तहत अपार्टमेंट सोसायटी, मॉल, कार्यालय परिसरों, होटल, अस्पताल और शैक्षणिक संस्थानों में ईवी चार्जिंग स्टेशन स्थापित करने की अनुमति दी जाएगी। इसके लिए भवन प्रबंधन समिति या निजी मालिक निर्धारित प्रक्रिया के तहत आवेदन कर सकेंगे। सरकार का उद्देश्य है कि लोगों को ईवी चार्जिंग के लिए लंबी दूरी तय न करनी पड़े।
निवेश और रोजगार को मिलेगा बढ़ावा
सरकार का मानना है कि निजी परिसरों में चार्जिंग स्टेशन खोलने से निजी निवेश को प्रोत्साहन मिलेगा। इससे चार्जिंग स्टेशन संचालन, रख-रखाव और तकनीकी सेवाओं से जुड़े नए रोजगार के अवसर भी पैदा होंगे। स्टार्टअप और स्थानीय उद्यमियों के लिए यह एक नई संभावना के रूप में देखा जा रहा है।
ईवी अपनाने में होगी आसानी
ईवी वाहन खरीदने से पहले आम लोगों की सबसे बड़ी चिंता चार्जिंग सुविधा की उपलब्धता को लेकर रहती है। निजी अपार्टमेंट और कॉम्प्लेक्स में चार्जिंग प्वाइंट उपलब्ध होने से यह समस्या काफी हद तक खत्म होगी। इससे लोग पेट्रोल-डीजल की तुलना में ईवी को अधिक प्राथमिकता दे सकेंगे।
पर्यावरण संरक्षण की दिशा में अहम कदम
नई ईवी चार्जिंग पॉलिसी को पर्यावरण संरक्षण और कार्बन उत्सर्जन कम करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। सरकार का लक्ष्य है कि आने वाले वर्षों में छत्तीसगढ़ में हरित परिवहन को बढ़ावा मिले और शहरों में वायु प्रदूषण का स्तर कम हो।
नगर निगम और डिस्कॉम की भूमिका
चार्जिंग स्टेशन स्थापित करने की प्रक्रिया में नगर निगम, विद्युत वितरण कंपनी और संबंधित विभागों से आवश्यक अनुमति ली जाएगी। बिजली कनेक्शन और लोड स्वीकृति की प्रक्रिया को सरल बनाने के निर्देश भी दिए गए हैं, ताकि आवेदकों को अनावश्यक परेशानियों का सामना न करना पड़े।
रायपुर में तेजी से बढ़ रहा ईवी बाजार
राजधानी रायपुर में पिछले कुछ वर्षों में इलेक्ट्रिक दोपहिया और चारपहिया वाहनों की संख्या में लगातार वृद्धि दर्ज की गई है। नई पॉलिसी लागू होने के बाद शहर के अपार्टमेंट और व्यावसायिक परिसरों में चार्जिंग सुविधा मिलने से ईवी बाजार को और गति मिलने की उम्मीद है।
सरकार की यह पहल न केवल राज्य में आधुनिक और स्वच्छ परिवहन व्यवस्था को मजबूती देगी, बल्कि निजी क्षेत्र की सहभागिता से ईवी इंफ्रास्ट्रक्चर को भी मजबूत बनाएगी।

