रायपुर में स्वास्थ्य सेवाओं की समीक्षा बैठक में सीएमएचओ और सिविल सर्जनों को लापरवाही पर चेतावनी दी गई, योजनाओं के क्रियान्वयन पर सख्त निर्देश दिए गए।
रायपुर। स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता और सरकारी योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन को लेकर रायपुर में जिला स्तर की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने जिले के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारियों (सीएमएचओ) और सिविल सर्जनों की कार्यप्रणाली की गहन समीक्षा की और लापरवाही पाए जाने पर सख्त चेतावनी दी।
बैठक में अस्पतालों की व्यवस्थाएं, डॉक्टरों और स्टाफ की उपस्थिति, दवा उपलब्धता, जांच सुविधाएं तथा राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों की प्रगति की समीक्षा की गई। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि स्वास्थ्य सेवाओं में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
योजनाओं के क्रियान्वयन पर जताई नाराजगी
अधिकारियों ने कहा कि कई जिलों में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, टीकाकरण, आयुष्मान भारत योजना और राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन से जुड़ी गतिविधियों की प्रगति संतोषजनक नहीं पाई गई है। इस पर अधिकारियों ने नाराजगी जताते हुए सुधार के सख्त निर्देश दिए।
अस्पतालों में अव्यवस्था पर सख्त रुख
बैठक में यह भी सामने आया कि कुछ सरकारी अस्पतालों में साफ-सफाई, मरीजों के साथ व्यवहार, समय पर जांच रिपोर्ट और दवाओं की उपलब्धता को लेकर लगातार शिकायतें मिल रही हैं। इस पर वरिष्ठ अधिकारियों ने सीएमएचओ और सिविल सर्जनों को जिम्मेदारी तय करते हुए व्यवस्था सुधारने के निर्देश दिए।
समय पर रिपोर्ट और मॉनिटरिंग के निर्देश
अधिकारियों ने निर्देश दिए कि सभी जिलों से स्वास्थ्य सेवाओं से संबंधित रिपोर्ट समय पर भेजी जाएं और फील्ड स्तर पर नियमित निरीक्षण सुनिश्चित किया जाए। लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई।
आम जनता को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा का लक्ष्य
अधिकारियों ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि आम नागरिकों को नजदीकी स्वास्थ्य संस्थानों में गुणवत्तापूर्ण इलाज मिले। इसके लिए सभी अधिकारी और चिकित्सक अपनी जिम्मेदारी गंभीरता से निभाएं।
आने वाले दिनों में फिर होगी समीक्षा
बैठक के अंत में अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि अगले कुछ महीनों में दोबारा समीक्षा की जाएगी और जिन जिलों में सुधार नहीं दिखेगा, वहां कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

