CSEB सभी दफ्तरों में बायोमैट्रिक अटेंडेंस सिस्टम लागू करेगा, ई-ऑफिस सफल, विशेष पिछड़ी जनजाति को सोलर रूफटॉप योजना का लाभ मिला।
रायपुर। छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड (CSEB) अब अपने सभी कार्यालयों में बायोमैट्रिक अटेंडेंस सिस्टम लागू करने जा रही है। इसका उद्देश्य कर्मचारियों की उपस्थिति व्यवस्था को अधिक पारदर्शी, अनुशासित और तकनीकी रूप से सुदृढ़ बनाना है। यह निर्णय कंपनी के ई-ऑफिस कॉन्सेप्ट की सफलता के बाद लिया गया है।
कंपनी के चेयरमेन ने कहा कि ई-ऑफिस प्रणाली से फाइलों के निपटारे में तेजी आई है, भ्रष्टाचार पर अंकुश लगा है और कार्य संस्कृति में सकारात्मक बदलाव देखने को मिला है। अब बायोमैट्रिक अटेंडेंस लागू होने से कार्यालयीन कार्यप्रणाली और अधिक अनुशासित होगी।
सभी दफ्तरों में चरणबद्ध तरीके से लागू होगा सिस्टम
CSEB प्रबंधन के अनुसार—
- रायपुर मुख्यालय से शुरुआत की जाएगी
- इसके बाद सभी संभागीय और जिला कार्यालयों में व्यवस्था लागू होगी
- उपस्थिति का रिकॉर्ड सीधे सर्वर पर दर्ज होगा
- देर से आने और अनुपस्थित रहने की निगरानी सख्त होगी
बायोमैट्रिक सिस्टम में फिंगरप्रिंट और फेस रिकग्निशन तकनीक का उपयोग किया जाएगा, जिससे फर्जी हाजिरी की संभावना खत्म हो जाएगी।
ई-ऑफिस से बढ़ी कार्यक्षमता
चेयरमेन ने बताया कि पिछले एक वर्ष में ई-ऑफिस के जरिए—
- फाइलों का निपटारा समय पर हुआ
- निर्णय प्रक्रिया तेज हुई
- कागज रहित कार्यालय का सपना साकार हुआ
- अधिकारियों और कर्मचारियों में जवाबदेही बढ़ी
उन्होंने कहा कि डिजिटल गवर्नेंस की दिशा में यह एक बड़ा कदम है।
विशेष पिछड़ी जनजाति को मिला सोलर रूफटॉप का लाभ
इसी कार्यक्रम के दौरान चेयरमेन ने यह भी जानकारी दी कि विशेष पिछड़ी जनजाति वर्ग के परिवारों को सोलर रूफटॉप सिस्टम से जोड़ा गया है।
इस योजना के तहत—
- दूरस्थ और आदिवासी इलाकों में सोलर पैनल लगाए गए
- बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की गई
- बच्चों की पढ़ाई और स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार हुआ
- बिजली बिल का बोझ कम हुआ
चेयरमेन ने कहा कि यह पहल सामाजिक न्याय और समावेशी विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
ऊर्जा विभाग की नई पहलें
CSEB आने वाले समय में—
- स्मार्ट मीटरिंग
- ऑनलाइन बिलिंग सिस्टम
- मोबाइल ऐप आधारित सेवाएं
- ग्रामीण विद्युतीकरण
को और मजबूत करने की योजना बना रहा है।
उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ को ऊर्जा आत्मनिर्भर राज्य बनाने की दिशा में विभाग लगातार कार्य कर रहा है।
कर्मचारियों में मिला सकारात्मक समर्थन
कर्मचारी संगठनों ने भी बायोमैट्रिक सिस्टम के फैसले का स्वागत किया है। उनका कहना है कि इससे—
- ईमानदार कर्मचारियों को सम्मान मिलेगा
- अनुशासनहीनता पर रोक लगेगी
- कार्यस्थल की पारदर्शिता बढ़ेगी
प्रशासनिक सुधार की ओर बड़ा कदम
विशेषज्ञों का मानना है कि बायोमैट्रिक अटेंडेंस और ई-ऑफिस जैसी योजनाएं—
- प्रशासनिक सुधार
- सुशासन
- डिजिटल इंडिया मिशन
को मजबूत करती हैं।

