गरियाबंद में छत्तीसगढ़ रजत जयंती वर्ष पर पुलिस का ऐतिहासिक रक्तदान अभियान, एसपी वेदव्रत सिरमौर ने स्वयं रक्तदान कर किया शुभारंभ।
गरियाबंद। छत्तीसगढ़ राज्य के रजत जयंती वर्ष के अवसर पर जिला पुलिस विभाग ने जिला अस्पताल गरियाबंद में एक ऐतिहासिक और भव्य रक्तदान शिविर का आयोजन किया। यह पहली बार है जब प्रदेश पुलिस ने इस पैमाने पर रक्तदान शिविर आयोजित करते हुए व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाया।
शिविर की शुरुआत पुलिस अधीक्षक (SP) वेदव्रत सिरमौर ने स्वयं रक्तदान कर की। उनके साथ अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक धोरेन्द्र पटेल और नगर पालिका अध्यक्ष ने भी रक्तदान कर आमजन को प्रेरित किया। इस अवसर पर पुलिस अधिकारियों, कर्मचारियों, युवाओं और समाजसेवियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया।
जिला अस्पताल परिसर में रक्तदान के महत्व, इसकी आवश्यकता और जीवन रक्षा में इसकी भूमिका को लेकर जागरूकता संदेश भी दिए गए। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य आपातकालीन परिस्थितियों में मरीजों को समय पर रक्त उपलब्ध कराना और समाज में स्वैच्छिक रक्तदान की सकारात्मक सोच विकसित करना था।

🩸 पुलिस अधीक्षक वेदव्रत सिरमौर का संदेश
एसपी सिरमौर ने कहा,
“छत्तीसगढ़ के रजत जयंती वर्ष के अवसर पर पुलिस विभाग द्वारा यह रक्तदान शिविर आयोजित किया गया है, जिसका उद्देश्य समाज के प्रति हमारी जिम्मेदारी निभाना है। रक्तदान न केवल एक पुनीत कार्य है, बल्कि यह किसी जरूरतमंद के लिए जीवनदान भी साबित होता है। पुलिस विभाग केवल कानून व्यवस्था बनाए रखने तक सीमित नहीं है, बल्कि हर परिस्थिति में समाज के साथ खड़ा रहता है। इस अभियान के माध्यम से हम युवाओं और आम नागरिकों को नियमित रक्तदान के लिए प्रेरित करना चाहते हैं। मैं इस मानवीय कार्य में भाग लेने वाले सभी पुलिस अधिकारियों, कर्मचारियों, जनप्रतिनिधियों एवं नागरिकों का हृदय से आभार व्यक्त करता हूँ।”
👏 जिला अध्यक्ष अनिल चंद्रकार का संदेश
जिला अध्यक्ष अनिल चंद्रकार ने कहा,
“पुलिस विभाग द्वारा आयोजित यह विशाल रक्तदान शिविर केवल एक कार्यक्रम नहीं है, बल्कि समाज के प्रति जिम्मेदारी का उत्कृष्ट उदाहरण है। ऐसे प्रयासों से आमजन में रक्तदान के प्रति जागरूकता बढ़ती है और गंभीर परिस्थितियों में जरूरतमंद मरीजों को समय पर रक्त उपलब्ध हो पाता है। रजत जयंती वर्ष में इस तरह का आयोजन राज्य के लिए गर्व की बात है। मैं एसपी वेदव्रत सिरमौर सहित पूरी पुलिस टीम को इस सराहनीय पहल के लिए बधाई देता हूँ।”
🏥 रक्तदान शिविर में प्रमुख उपस्थिति
इस कार्यक्रम में निम्नलिखित गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे:
- जिला पंचायत अध्यक्ष गौरी शंकर
- नगर पालिका अध्यक्ष रिखी राम यादव
- उपाध्यक्ष आसिफ़ मेमन
- एडीएसएनएल एसपी धीरेंद्र पटेल
- डीएसपी लितेश सिंह
- एसडीओपी गरिमा दादर
- आरआई सनत ठाकुर
- थाना प्रभारी ओम प्रकाश यादव
- पार्षद सभापति सूरज सिन्हा, बिंदु सिन्हा, पुष्पा साहू, विष्णु मरकाम, खेमसिंह
- किराना संघ अध्यक्ष हरीश भाई ठक्कर
इनके अलावा बड़ी संख्या में पुलिस कर्मी, युवाओं और समाजसेवी नागरिकों ने भी रक्तदान में भाग लिया।
🌟 अभियान का उद्देश्य और प्रभाव
- आपातकालीन रक्त उपलब्धता: गंभीर रोगियों और दुर्घटना पीड़ितों के लिए समय पर रक्त सुनिश्चित करना।
- जनजागरूकता बढ़ाना: समाज में स्वैच्छिक रक्तदान की अहमियत को बढ़ावा देना।
- युवा सशक्तिकरण: युवाओं को समाज सेवा के प्रति प्रेरित करना और नियमित रक्तदान की आदत डालना।
- पुलिस-जन सहयोग: पुलिस विभाग और आमजन के बीच सकारात्मक समन्वय और भरोसा बढ़ाना।
एसपी सिरमौर ने यह भी कहा कि भविष्य में ऐसे अभियान नियमित रूप से आयोजित किए जाएंगे और राज्य के सभी जिलों में पुलिस विभाग इसी तरह की सामाजिक उत्तरदायित्व गतिविधियों का आयोजन करेगा।
🩺 रक्तदान शिविर की सफलता
इस ऐतिहासिक रक्तदान शिविर ने समाज में मानवीय मूल्यों को बढ़ावा देने का उत्कृष्ट उदाहरण पेश किया। शिविर में आम जनता और अधिकारियों की भारी सहभागिता ने इसे और भी प्रभावशाली बनाया। रक्तदान करने वाले सभी व्यक्तियों को शिविर के अंत में प्रमाणपत्र और सम्मान पत्र प्रदान किए गए।
जिला अस्पताल के अधिकारियों ने भी पुलिस विभाग के इस प्रयास की सराहना की और कहा कि इस तरह के बड़े स्तर पर रक्तदान शिविर रोगियों की जीवन रक्षा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
🔹 निष्कर्ष
छत्तीसगढ़ राज्य के रजत जयंती वर्ष पर आयोजित यह रक्तदान शिविर पुलिस विभाग की समाज के प्रति जिम्मेदारी, सेवा भाव और नेतृत्व का प्रतीक है। एसपी सिरमौर और पूरे पुलिस बल के प्रयास ने न केवल रक्तदान की संख्या बढ़ाई, बल्कि आम जनता में सामाजिक चेतना और मानवीय मूल्यों को भी जागृत किया।
यह पहल दिखाती है कि पुलिस केवल कानून व्यवस्था बनाए रखने तक सीमित नहीं है, बल्कि समाज के हर पहलू में योगदान देने के लिए भी तत्पर है।

