रायपुर। राष्ट्रीय मतदाता दिवस
राष्ट्रीय मतदाता दिवस के अवसर पर 25 जनवरी को रायपुर में इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के विवेकानंद सभागार में एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। इस कार्यक्रम का शुभारंभ राज्य निर्वाचन आयुक्त श्री अजय सिंह के मुख्य आतिथ्य में प्रातः 11 बजे होगा।
राष्ट्रीय मतदाता दिवस के आयोजन का मुख्य उद्देश्य नागरिकों को मतदान के प्रति जागरूक करना और चुनाव प्रक्रिया में भागीदारी बढ़ाना है। इस विशेष अवसर पर, निर्वाचन कार्यों में उत्कृष्ट योगदान देने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों को सम्मानित किया जाएगा। कार्यक्रम में राज्यभर से विभिन्न जिलों के प्रशासनिक अधिकारियों को उनकी मेहनत और समर्पण के लिए सम्मानित किया जाएगा, जिन्होंने चुनाव प्रक्रिया को सुचारू रूप से संचालित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
सर्वश्रेष्ठ योगदान देने वाले अधिकारी होंगे सम्मानित
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्रीमती रीना बाबासाहेब कंगाले ने बताया कि इस साल कुछ अधिकारियों को उनके उत्कृष्ट कार्य के लिए विशेष सम्मान मिलेगा। रायगढ़ कलेक्टर श्री कार्तिकेय गोयल को लोकसभा चुनाव 2024 में राज्य में सर्वाधिक 81.66 प्रतिशत मतदान सुनिश्चित करने के लिए सम्मानित किया जाएगा। श्री गोयल के नेतृत्व में रायगढ़ जिले ने मतदान प्रतिशत में उल्लेखनीय वृद्धि की, जो लोकतांत्रिक प्रक्रिया में नागरिकों की सक्रिय भागीदारी का प्रतीक है।
दुर्ग कलेक्टर सुश्री ऋचा प्रकाश चौधरी को शहरी क्षेत्र में होने के बावजूद 2024 के लोकसभा चुनाव में मतदान प्रतिशत में 2.48 प्रतिशत वृद्धि लाने के लिए सम्मानित किया जाएगा। सुश्री चौधरी ने अपने जिले में मतदान जागरूकता के लिए कई कार्यक्रमों का आयोजन किया, जिनसे नागरिकों में मतदान के प्रति रुचि और जागरूकता बढ़ी।

इसके अलावा, दंतेवाड़ा कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी को उनके उत्कृष्ट कार्य के लिए सम्मानित किया जाएगा, जिन्होंने नक्सल प्रभावित क्षेत्र होते हुए भी लोकसभा चुनाव 2024 में 10.39 प्रतिशत मतदान वृद्धि सुनिश्चित की। श्री चतुर्वेदी का यह कार्य इस चुनौतीपूर्ण क्षेत्र में लोकतांत्रिक प्रक्रिया को मजबूत करने की दिशा में अहम कदम था।
अन्य सम्मान प्राप्त अधिकारी
रायपुर कलेक्टर श्री गौरव कुमार सिंह को लोकसभा चुनाव 2024 के दौरान मतदान दलों का प्रशिक्षण कार्य उत्कृष्ट तरीके से संपन्न कराने के लिए सम्मानित किया जाएगा। उनके द्वारा आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रमों ने मतदान प्रक्रिया को सरल और प्रभावी बनाया, जिससे चुनावों में सटीकता और पारदर्शिता सुनिश्चित हुई।
राजनांदगांव जिले की मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी सुश्री सुरुचि सिंह को गुणवत्ता पूर्ण स्वीप (Systematic Voter Education and Electoral Participation) गतिविधियों के आयोजन के लिए सम्मानित किया जाएगा। सुश्री सिंह ने अपने जिले में प्रभावी मतदाता शिक्षा कार्यक्रमों का संचालन किया, जिनके माध्यम से नागरिकों को मतदान के महत्व के बारे में बताया गया।
मुंगेली जिले के जिला पंचायत मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री प्रभाकर पांडे को प्रवासी मजदूरों को मतदान के लिए प्रेरित करने के संबंध में किए गए प्रयासों के लिए स्पेशल अवार्ड से सम्मानित किया जाएगा। श्री पांडे ने प्रवासी श्रमिकों के बीच मतदान के प्रति जागरूकता फैलाने के लिए विशेष अभियान चलाया, जिससे बड़ी संख्या में प्रवासी श्रमिक मतदान प्रक्रिया का हिस्सा बने।
कार्यक्रम का महत्व
राज्य निर्वाचन आयुक्त श्री अजय सिंह ने इस अवसर पर कहा कि राष्ट्रीय मतदाता दिवस हमारे लोकतांत्रिक कर्तव्यों को याद दिलाने का दिन है। इस दिन हम लोकतंत्र के प्रति अपनी जिम्मेदारी को समझते हुए मतदान के महत्व को स्वीकार करते हैं। उन्होंने बताया कि यह दिन न केवल चुनाव आयोग की कार्यशैली और योगदान को सराहने का अवसर है, बल्कि यह हमें यह भी याद दिलाता है कि लोकतंत्र की सशक्तता में हर नागरिक का योगदान है।
चुनाव आयोग की भूमिका
श्रीमती रीना बाबासाहेब कंगाले ने कहा कि चुनाव आयोग के प्रयासों से राज्य में मतदान प्रक्रिया में सुधार हुआ है और नागरिकों की सक्रिय भागीदारी बढ़ी है। उन्होंने कहा, “हमारे अधिकारी और कर्मचारी दिन-रात मेहनत करते हैं ताकि मतदान प्रक्रिया पूरी तरह से निष्पक्ष और पारदर्शी हो। इनकी मेहनत और समर्पण से ही चुनावों में सफलता मिलती है, और यही कारण है कि हम इस दिन उन्हें सम्मानित करते हैं।”
मतदाता जागरूकता का संदेश
इस मौके पर आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों और गतिविधियों में मतदाता जागरूकता को बढ़ावा देने के लिए विशेष प्रयास किए गए हैं। चुनाव आयोग के अधिकारियों ने यह सुनिश्चित किया है कि प्रदेश के हर नागरिक को मतदान के महत्व के बारे में सही जानकारी मिले और वे लोकतांत्रिक प्रक्रिया में सक्रिय रूप से भाग लें।
राष्ट्रीय मतदाता दिवस हर साल 25 जनवरी को मनाया जाता है, और यह दिन नागरिकों को मतदान के प्रति जागरूक करने का महत्वपूर्ण अवसर है। इस दिन का आयोजन निर्वाचन आयोग द्वारा किया जाता है ताकि लोकतंत्र की ताकत को बढ़ावा दिया जा सके और नागरिकों को यह याद दिलाया जा सके कि उनका प्रत्येक वोट देश की दिशा और भविष्य को आकार देता है।
इस आयोजन से न केवल मतदान प्रक्रिया को सरल और सुलभ बनाने में मदद मिलती है, बल्कि यह हमें यह भी याद दिलाता है कि लोकतंत्र में हर एक मत का महत्वपूर्ण योगदान होता है।

